रॉबर्ट कियोसाकी की कालजयी पुस्तक, "रिच डैड पुअर डैड" (Rich Dad Poor Dad), महज़ एक फाइनेंस की किताब नहीं है; यह एक मानसिक क्रांति है। यह उस पुरानी धारणा को तोड़ती है कि अमीर बनने के लिए आपको बहुत अधिक आय की आवश्यकता होती है। यह पुस्तक उस झूठ को बेनकाब करती है जो हमें बचपन से सिखाया जाता है: "अच्छे से पढ़ाई करो ताकि तुम्हें एक सुरक्षित नौकरी मिल सके।"